गणतंत्र दिवस पर विशेष

सभी भारतीय, मेरे सभी मित्रो और सभी भाई बंधुओं को गणतंत्र  दिवस की हार्दिक शुभकामनाये | वैसे तो आप सभी को मालूम है की हम अपना गणतंत्र दिवस क्यों मानते है पर फिर भी मैं अपनी तरफ से इस पर एक प्रकाश डालना चाहूँगा |




आज यानि कि २६ जनवरी २०११ को हम अपना ६१वां गणतंत्र  मना रहे हैं| इसी दिन देश का संविधान लागू हुआ था|
पहले गवर्नमेंट ऑफ़ इंडिया एक्ट १९३५ के तहत शासन चलता था|
 भारतीय संविधान को बनाने के लिए २८ अगस्त १९४७ में डा भीमराव अम्बेडकर कि अध्यक्षता में एक कमिटी गठित की गयी|








संविधान लिखने की कार्यवाही ४ नवम्बर १९४७ से शुरू हुई|  
१६६ दिन इसके सत्र चले| ३०८ सेंट्रल असेम्बली सदस्यों ने इसकी हाथ से लिखी हुई प्रति पर २४ जनवरी १९५० को हस्ताक्षर किये| ठीक दो दिन बाद २६ जनवरी को यह दस्तावेज भारत के संविधान के रूप में स्वीकार कर लिए गए और तभी से हम अपना गणतंत्र मानाने लगे|









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अब तुरंत होगा फंड ट्रांसफर


फंड के ट्रांसफर में होने वाली देरी से ग्राहकों को निजात मिलने की उम्मीद है। भारतीय रिजर्व बैंक [आरबीआइ] ने इलेक्ट्रॉनिक तरीके से फंड ट्रांसफर करने की प्रक्रिया को तेज बनाने के मकसद से अहम शुरुआत की है। उसने बैंकों को कहा है कि वे इस तरह के सौदों में केवल ग्राहकों के खाता संख्या पर ही ध्यान दें। ग्राहकों के नाम तथा अन्य ब्यौरे को मिलाने में वक्त जाया न करें।

नई व्यवस्था नए साल यानी एक जनवरी 2011 से लागू हो गई है। इसके तहत ग्राहकों को अब इंटरनेट या बैंक शाखाओं के जरिए इलेक्ट्रिॉनिक तरीके से धन स्थानांतरण करते समय अपनी खाता संख्या दो बार लिखनी होगी। यह इसलिए ताकि किसी तरह की गलती से बचा जा सके। एहतियात के लिए हालांकि अब भी ग्राहक के नाम आदि का ब्यौरा लिया जाएगा। लेकिन यह सिर्फ किसी जोखिम से बचाव के लिए होगा।

इलेक्ट्रॉनिक भुगतान वैसे तो कंप्यूटरीकृत ऑटोमेटिक प्रणाली से किया जाता है, लेकिन इसमें मानवीय हस्तक्षेप काफी होता है। ग्राहक का नाम तथा शाखा ब्यौरा आदि की जानकारी को मिलाने में काफी समय लग जाता है। देश के सभी बैंक चूंकि कोर बैंकिंग सॉफ्टवेयर [सीबीएस] माहौल में काम कर रहे हैं इसलिए दो ग्राहकों की खाता संख्या समान होने का मतलब ही नहीं होता है। लिहाजा फंड का ट्रांसफर केवल खाता संख्या के आधार पर किया जा सकता है। केंद्रीय बैंक के दिशानिर्देश को ध्यान में रखते हुए बैंकों ने नई प्रणाली अपना ली है। नई व्यवस्था आरटीजीएस, एनईएफटी, एनईसीएस तथा ईसीएस सहित सभी तरह की इलेक्ट्रॉनिक भुगतान प्रणाली तथा इंटरनेट बैंकिंग के जरिए धन स्थानांतरण पर लागू होगी। रिजर्व बैंक ने बैंकों से कहा है कि वे अपने पास आने वाले सभी सौदों को केवल ग्राहक की खाता संख्या के आधार पर निपटाएं।

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भक्तिमय हुआ बिहार, डूबते सूर्य को अ‌र्ध्य शाम को

छठ पर्व के अवसर पर पूरा बिहार ही भक्ति के रंग में डूब गया है। छठ व्रती शुक्रवार को कार्तिक शुक्ल षष्ठी की शाम अस्ताचलगामी सूर्य को अ‌र्ध्य अर्पित करेंगे। राजधानी समेत पूरे राज्य में इस चार दिवसीय पर्व को हर्षोल्लास के साथ मनाया जा रहा है।
पटना के गंगा घाटों पर छठ व्रतियों के लिए भगवान भास्कर को अ‌र्ध्य देने की समुचित व्यवस्था की गई है। कलक्ट्रेट घाट, महावीर घाट, भद्र घाट, गाय घाट समेत कई घाटों पर स्वयंसेवी संस्थाओं ने भी सूर्य उपासना की व्यवस्था की है।
छठ पर्व के मद्देनजर पटना की सभी सड़कें साफ -सुथरी और सजी-धजी नजर आ रही है। छठ पूजा को लेकर गंगा घाटों पर सुरक्षा के पुख्ता प्रबंध किए गए है। गंगा घाटों पर शांति-व्यवस्था बनाए रखने के लिए जिला प्रशासन की ओर से गश्त की जाएगी।
पटना के जिलाधिकारी जितेंद्र कुमार सिन्हा ने शुक्रवार को बताया कि छठ पूजा के दिन गंगा में आम नावों का परिचालन पूरी तरह बंद रहेगा। नावों पर अर्धसैनिक बल के साथ 125 दंडाधिकारियों की तैनाती की गई है, जो पटना सिटी से दानापुर तक नजर रखेंगे। सभी घाटों पर गोताखोरों को भी तैनात किया गया है।उल्लेखनीय है कि गुरुवार को व्रतियों ने खरना का व्रत रखकर शाम को गुड़ की खीर, रोटी और फल का प्रसाद चढ़ाकर पूजा करके परिजनों के साथ प्रसाद ग्रहण किया था। इसके साथ ही 36 घंटे का निर्जला व्रत प्रारंभ हो गया।
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बिचारा प्रशांत ओवर कांफिडेंस का मारा


प्रशांत बतार मेरठ का निवासी अत्यंत भरोसे से भरा हुआ पर क्या इसी भरोसे ने उसे तारे दिखा दिए| कौन बनेगा करोडपति के चौथे सत्र के खिलाडी प्रशांत बतार यही सोच रहे होंगे काश आखिर मैंने कुछ और फैसला लिया होता तो आज main करोडपति होता|
करोडपति के सत्र चार मैं आये खिलाडी प्रशांत ने बहुत ही उम्दा तरीके से  खेलना शुरू किया और बिना किसी मदद के खेलकर आगे बाद रहे थे यहाँ तक की उन्हें ११वे प्रश्न के बाद कुछ दिक्कत हुई पर वो एक करोर जीते पर न जाने ५ करोर के सवाल पर उन्हें क्या हो गया, उन्हें जरुरत से ज्यादा ही भरोसा कर लिया अपने ऊपर और गलत उत्तर दे कर तारे देख लिए|
अमिताभ बच्चन ने भी यही कहा की खिलाडी को अपने ऊपर भरोसा रखना चाहिए पर जरुरत से ज्यादा नहीं|
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हैप्पी दिवाली !!

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ओबामा बच्चो के साथ मनायेगे दिवाली !!

(चित्र संताबंता.कॉम से साभार )


दिवाली पर्व है खुशियों का, उजालो का, लक्ष्मी का! यह दिवाली आपकी ज़िन्दगी खुशियों से भरी हो, दुनिया उजालो से रोशन हो, घर पर माँ लक्ष्मी का आगमन हो!
शुभ दीपावली!
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दैनिक जागरण ने बनाया ममता बैनर्जी को हॉकी खिलाडी


दैनिक जागरण दिनांक २९ अक्टूबर २०१० के खेल प्रष्ट पर प्रकाशित समाचार के अनुसार हॉकी खिलाडी ममता खरब ने अपनी उपेक्षा का आरोप लगाया है किन्तु समाचार के साथ प्रकाशित फोटो ममता खरब के स्थान पर केंद्रीय रेल मंत्री सुश्री ममता बैनर्जी का फोटो हॉकी खिलाडी के रूप मैं प्रकाशित हुआ है|



दैनिक जागरण ने सुश्री ममता बैनर्जी को हॉकी खिलाडी प्रदर्शित करने के पीछे शायद यह सोचा होगा की इससे हॉकी का स्तर और बढेगा और हॉकी का स्तर तेजी से उच्च स्तर तक रेल की गति से दौड़ेगा|
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